चमोली।
विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के तहत जनपद चमोली में जनसहयोग और बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) की सक्रिय कार्यशैली का एक बेहद सकारात्मक और अनुकरणीय परिणाम सामने आया है। मतदाताओं की अभूतपूर्व जागरूकता तथा बीएलओ की दिन-रात की कड़ी मेहनत से जनपद के तीन दूरस्थ बूथों पर मात्र आठ दिनों के भीतर ही गणना प्रपत्रों के शत-प्रतिशत वितरण एवं डिजिटाइजेशन का कार्य सफलतापूर्वक पूर्ण कर लिया गया है। इस बड़ी प्रशासनिक और सामाजिक उपलब्धि पर जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री गौरव कुमार ने संबंधित बीएलओ, उनकी सहयोगी टीमों तथा जागरूक मतदाताओं को विशेष रूप से बधाई दी है। उन्होंने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान को सफल बनाने में आमजन की भागीदारी अत्यंत महत्वपूर्ण है। जनपद के जिन क्षेत्रों में लोगों ने तत्परता दिखाते हुए गणना प्रपत्र भरकर उपलब्ध कराए, वहां यह डिजिटल कार्य रिकॉर्ड समय में पूरा हो सका। उन्होंने जिले के सभी मतदाताओं से लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं को मजबूत करने के लिए इसी प्रकार का सहयोग आगे भी बनाए रखने की पुरजोर अपील की है।
इस विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत मिली सफलता के आंकड़ों को देखा जाए, तो विधानसभा क्षेत्र बद्रीनाथ के अंतर्गत आने वाले बूथ संख्या-133 यानी झींझीं पर तैनात बीएलओ पान सिंह नेगी ने अपनी कर्मठता का परिचय देते हुए कुल 106 गणना प्रपत्रों का वितरण एवं उनका शत-प्रतिशत डिजिटाइजेशन कार्य पूरा किया। इसी प्रकार, इसी विधानसभा के एक अन्य महत्वपूर्ण बूथ संख्या-138 पाणा पर तैनात बीएलओ मोहन लाल सक्सेना ने भी कमाल का जज्बा दिखाते हुए रिकॉर्ड समय में कुल 394 गणना प्रपत्रों का शत-प्रतिशत वितरण एवं डिजिटाइजेशन कार्य संपन्न कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया। इसके साथ ही, जिले के कर्णप्रयाग विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बूथ संख्या-38 कोली पर तैनात बीएलओ हरीश नैनवाल ने भी इस अभियान में अग्रणी भूमिका निभाई। उन्होंने कुल 303 गणना प्रपत्रों का वितरण और डिजिटाइजेशन कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर अपने निर्धारित लक्ष्य को समय से बहुत पहले हासिल कर लिया।
इस शानदार उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी गौरव कुमार ने कहा कि इन तीनों बूथों की अभूतपूर्व सफलता यह स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि यदि प्रशासन और जनता के बीच बेहतर समन्वय हो, तो किसी भी बड़े और जटिल अभियान को निर्धारित समय-सीमा से पहले धरातल पर उतारा जा सकता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण का यह कार्य केवल एक सामान्य प्रशासनिक या सरकारी प्रक्रिया मात्र नहीं है, बल्कि यह देश के नागरिकों के सहयोग से एक शुद्ध, पारदर्शी एवं पूरी तरह से त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करने का एक जनभागीदारी आधारित महापर्व है। इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य में जनता का सजग होना ही लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत है।
प्रशासनिक स्तर पर इस गति को लगातार बनाए रखने के लिए जिलाधिकारी ने जनपद के अन्य सभी क्षेत्रों में तैनात बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) को भी इस सफलता से प्रेरणा लेने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सभी बीएलओ को अपने-अपने क्षेत्रों में कार्य में और अधिक तेजी लाने तथा स्थानीय मतदाताओं से निरंतर जीवंत संपर्क बनाए रखने को कहा है, ताकि विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के तहत शेष बचे सभी क्षेत्रों में भी गणना प्रपत्रों का वितरण एवं डिजिटाइजेशन कार्य तय समय-सीमा के भीतर पारदर्शिता के साथ पूर्ण किया जा सके। चमोली के इन तीन बूथों की इस डिजिटल छलांग की हर तरफ सराहना हो रही है।
