कर्णप्रयाग (चमोली)। अलकनंदा और पिंडर नदी के पावन संगम तट पर गुरुवार को उस समय सनसनी फैल गई, जब एक युवक ने उफनती लहरों के बीच छलांग लगा दी। आसपास मौजूद स्थानीय लोगों ने जैसे ही युवक को नदी में कूदते देखा, उन्होंने तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस बल बिना एक पल गंवाए मौके पर पहुंचा। पुलिसकर्मियों ने जल पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से अदम्य साहस का परिचय देते हुए तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और कड़ी मशक्कत के बाद युवक को नदी की तेज धारा से बाहर निकाल लिया।
नदी से बाहर निकालते समय युवक अचेत अवस्था में था और उसकी सांसें काफी धीमी चल रही थीं। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने मानवीय संवेदना और कर्तव्यपरायणता की मिसाल पेश करते हुए तत्काल उसे जीवन रक्षक सहायता (CPR) देना शुरू किया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिसकर्मियों ने अपने मुंह से उसे ऑक्सीजन देकर बचाने का हरसंभव प्रयास किया। इसके साथ ही ‘108’ आपातकालीन सेवा को सूचित कर मौके पर बुलाया गया, जिसके माध्यम से युवक को तुरंत उप-चिकित्सालय कर्णप्रयाग ले जाया गया।
अस्पताल पहुँचने पर डॉक्टरों ने युवक की गहन जांच की, लेकिन दुर्भाग्यवश उसे बचाया नहीं जा सका और डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। चिकित्सकों के अनुसार, फेफड़ों में अत्यधिक पानी भर जाने के कारण युवक की जान नहीं बच सकी। घटना स्थल से बरामद पहचान पत्र और दस्तावेजों के आधार पर मृतक की पहचान भोपाल नेगी (पुत्र गुमान सिंह), निवासी ग्राम खैनोली, नारायणबगड़ (चमोली) के रूप में हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और परिजनों को सूचित कर दिया गया है। युवक ने यह आत्मघाती कदम क्यों उठाया, पुलिस फिलहाल इस मामले के हर पहलू की जांच कर रही है।
