ज्योतिर्मठ।
न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, ज्योतिर्मठ (चमोली) के न्यायालय ने एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए अपर बाजार निवासी शुभम मावड़ी को आपराधिक मामले में सभी आरोपों से बाइज्जत बरी कर दिया है। न्यायालय ने पाया कि अभियोजन पक्ष अभियुक्त के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 351(2) और 78 के तहत लगे आरोपों को युक्ति-युक्त संदेह से परे साबित करने में पूरी तरह असफल रहा, जिसके चलते कोर्ट ने उन्हें दोषमुक्त घोषित कर जमानत बंधपत्र और प्रतिभूगणों को उनके दायित्वों से मुक्त कर दिया। मामले में अभियुक्त शुभम मावड़ी की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता नवनीत डिमरी ने बेहद प्रभावशाली व ठोस पैरवी की, जिन्होंने कोर्ट के समक्ष अभियोजन पक्ष के दावों और साक्ष्यों की कमियों को उजागर किया। न्यायालय ने भी माना कि पत्रावली पर घटना के संबंध में कोई ठोस साक्ष्य उपलब्ध नहीं थे और कानूनी तत्व पूर्ण नहीं हो रहे थे, जिसके परिणाम स्वरूप आज खुले न्यायालय में यह न्यायपूर्ण फैसला सुनाया गया।
