Home उत्तराखण्ड जोशीमठ में भूमि स्थिरीकरण कार्यों का निरीक्षण:

जोशीमठ में भूमि स्थिरीकरण कार्यों का निरीक्षण:

स्थानीय लोगों की मांग पर संवेदनशील इलाकों में शुरू होंगे सुरक्षात्मक कार्य

by zerogroundnews

​जोशीमठ।
4 जून को राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA), उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (USDMA) और लोक निर्माण विभाग (PWD) की संयुक्त टीम द्वारा जोशीमठ के सभी भूमि स्थिरीकरण (स्लोप स्टेबलाइजेशन) स्थलों का विस्तृत निरीक्षण किया गया। इस निरीक्षण के दौरान टीम ने कुछ विशेष स्थलों पर आवश्यक संशोधन करने और जोखिम क्षेत्र (जोखिम वाले इलाकों) के अनुरूप नए सिरे से कार्य करने के लिए स्थानों को चिन्हित किया है। पूर्व में स्थानीय लोगों द्वारा जोशीमठ के जिन असुरक्षित और रेड जोन (अति संवेदनशील क्षेत्रों) में सुरक्षात्मक कार्य करने की मांग उठाई गई थी और सरकारी कार्यों पर सवाल कड़े किए गए थे, उन्हीं मांगों को संज्ञान में लेते हुए अब प्रशासन आगे की कार्रवाई कर रहा है।
​अधिकारियों द्वारा निरीक्षण के बाद तय की गई सूची के अनुसार, जोशीमठ के निम्नलिखित 7 प्रमुख स्थलों पर भूमि स्थिरीकरण और सुरक्षा के कार्य किए जाएंगे:
​बीएसएनएल (BSNL) ऑफिस क्षेत्र: इस इलाके में भूमि को धंसने से रोकने के लिए स्थिरीकरण का कार्य होगा।
​रेलवे बिल्डिंग (भवन) क्षेत्र: आर्मी एरिया में स्थित रेलवे बिल्डिंग के पास जो कार्य चल रहा था, उसे वर्तमान स्थिति में जितना हुआ है वहीं पर संपन्न (रोक) कर दिया जाएगा।
​रेलवे बिल्डिंग के नीचे का क्षेत्र: अब रेलवे बिल्डिंग के पास के बजाय, उससे ठीक नीचे की ओर नए सिरे से भूमि स्थिरीकरण के कार्य किए जाएंगे।
​गैना देवी (पत्नी सांवरी लाल) का निवास क्षेत्र: इस रिहायशी हिस्से को सुरक्षित करने के लिए रक्षात्मक कार्य होगा।
​स्नातकोत्तर (PG) कॉलेज मोड़ वाली सड़क: महाविद्यालय के पास मोड़ वाली मुख्य सड़क पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएंगे।
​आईटीबीपी (ITBP) गेट और उनियाल मोहल्ला सड़क: आईटीबीपी गेट के समीप उनियाल मोहल्ले के पास धंस रही सड़क को ठीक करने और उसे मजबूती देने का काम किया जाएगा।
​लोकेशन नंबर 10 (संवेदनशील क्षेत्र): स्थानीय जनता की भारी मांग और शिकायत के अनुसार, इस बेहद संवेदनशील क्षेत्र में लोगों की सुरक्षा के लिए विशेष रक्षात्मक और सुरक्षात्मक कार्य किए जाएंगे।